प्रयागराज में पेट्रोल और डीजल डीजल के बढ़े हुए दाम की जानकारी कई लोगों को शुक्रवार को तब हुई, जब जब वो पेट्रोल पंप पर पहुंचे। पेट्रोल पंप पर मौजूद मैनेजर और कर्मचारियों ने लोगों को बताया कि प्रयागराज शहर में शुक्रवार सुबह छह बजे से पेट्रोल के दाम में प्रति लीटर 2.85 रुपये, एक्स्ट्रा प्रीमियम पेट्रोल और डीजल के दाम में तीन रुपये की बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद पेट्रोल का दाम प्रति लीटर 94.77 रुपये से बढ़कर 97.62 रुपये हो गया है। एक्स्ट्रा प्रीमियम पेट्रोल का दाम प्रति लीटर 103.23 रुपये से बढ़कर 106.23 रुपये हो गया है। वहीं, डीजल का दाम प्रति लीटर 87.92 रुपये से बढ़कर 90.92 रुपये हो गया है।
सुभाष चौराहा स्थित इंडियन ऑयल के पेट्रोल पंप के मैनेजर राजकुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सुबह छह बजे नाजुल ऑन करने के बाद हमें भी बढ़े हुए दाम की जानकारी हुई। इस पेट्रोल पंप पर पहुंचे अजय गुप्ता ने बताया कि उनका एक फाइनेंस कंपनी में सेल्स का काम है। अब तक पेट्रोल का खर्च महीने में करीब तीन हजार रुपये का आता था, जो कि अब बढ़कर करीब साढ़े तीन हजार रुपये हो जाएगा। साथ ही अन्य सामानों के दाम बढ़ने से पश्चिम एशिया में छिड़े युद्ध का असर अब व्यापक तौर पर हम सभी पर होगा।।
इसी पेेट्रोल पंप पहुंचे अमित शर्मा ने कहा कि कभी एलपीजी सिलिंडर और कभी पेट्रोल-डीजल का दाम बढ़ने से महंगाई तो बढ़ रही है। लेकिन, हम लोगों के पास कमाई बढ़ाने का कोई जरिया नहीं है। इससे घर का बजट मैनेज करना और भी मुश्किल हो जाएगा। यहीं सिविल लाइंस के रहने वाले सौरभ शर्मा ने कहा कि लगातार सभी समानों को महंगा किया जा रहा है, जो कि बिल्कुल भी ठीक नहीं है। मुट्ठीगंज के रहने वाले अमरीश जायसवाल कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में सरकार को जैसा समझ आ रहा है, वैसा कर रही है। महंगाई बढ़ने से हम सभी प्रभावित हो रहे हैं।
वहीं, धोबीघाट स्थित इंडियन ऑयल के पेट्रोल पंप पहुंचे करेली के रहने वाले टैंपो चालक अजीत अहमद ने बताया कि वो विद्यार्थियों को घर से विद्यालय और विद्यालय से घर छोड़ने का काम करते हैं। मुंडेरा से इलाहाबाद विश्वविद्यालय के पास के विद्यालयों तक विद्यार्थियों को पहुंचने के लिए अब तक महीने में दो हजार रुपये लेते रहे हैं। लेकिन, डीजल का दाम बढ़ने पर आने वाले दिनों में उन्हें भी ज्यादा पैसे विद्यार्थियों के परिजनों से मांगन पड़ेगा।
इसी पेट्रोल पंप पर अपनी बस लेकर पहुंचे परिचालक गुड्डू ने बताया कि उनकी बस प्रयागराज में धोबीघाट से प्रतापगढ़ के भिटारा तक चलती है। 200 किलोमीटर तक आने जाने में करीब छह हजार रुपये के डीजल का खर्च हो जाता है। डीजल का दाम बढ़ने से निश्चित तौर पर खर्च बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि उनकी बस पर बैठने वाले ज्यादातर कम आमदनी वाले लोग होते हैं। ऐसे में ज्यादा किराया नहीं बढ़ा सकते। इसी पेट्रोल पंप पर पहुंचे अल्लापुर के रहने वाले गोपाल जी मिश्रा ने कहा कि युद्ध से उपजे संकट की स्थिति में पेट्रोल-डीजल का दाम बढ़ा है तो हम सभी को इसे स्वीकार करते हुए मैनेज करना चाहिए।
कचहरी रोड स्थित पेट्रोल पंप पर पहुंचे शांतिपुरम के रहने वाले सुनील कुमार ने बताया कि वो मजदूरी करते हैं। हर दिन की मजदूरी करीब छह सौ रुपये मिलती है। पेट्रोल-डीजल का दाम बढ़ने से हर सामान और महंगा हो जाएगा। ऐसे में बचत करना और भी कठिन होगा। मम्फोर्डगंज में फलों का व्यवसाय करने वाले रिंकू भारतीय ने बताया कि उन्हें होलागढ़ और मुंडेरा से फल लाने पड़ते हैं। परिवहन महंगा होगा तो उन्हें फलों के दाम भी आने वाले दिनों में बढ़ाने पड़ेंगे। सोहबतियाबाग स्थित भारत पेट्रोलियम के पेट्रोल पंप पर पहुंचे झूंसी के रहने वाले रामसूरत यादव ने बताया कि उनका दूध का व्यवसाय है। झूंसी से बाइक के जरिए दूध लाकर शहर के कई इलाकों में लोगों तक पहुंचाते हैं। अभी 60-56 रुपये प्रति लीटर दिया जा रहा है। लेकिन, पेट्रोल का दाम बढ़ने पर यह भी महंगा हो सकता है। वहीं, सीएमपी महाविद्यालय के नजदीक स्थित पेट्रोल पंप पर पहुंचे अभिषेक जायसवाल ने कहा कि लगातार महंगाई बढ़ाते रहना बिल्कुल भी ठीक नहीं है। हर परिस्थिति में सरकार को लोगों के बारे सोचना चाहिए।
UP HIGHLIGHTS में प्रकाशित ये ख़बरें भी पढ़िए-
LPG CRISIS UPDATE: पांच किलोग्राम के छोटू सिलेंडर फिर शुरू हुई बिक्री, विद्यार्थियों और प्रवासी श्रमिकों को मिलेगी राहत

